करनाल । 8 जनवरी , 2022 (प्योरपॉलीटिक्स)
राहुल गांधी ने कहा कि कांग्रेस तपस्या का संगठन है। भाजपा पूजा का संगठन है। पूजा दो तरीके की होती है। सामान्य पूजा भगवान के पास जाकर होती है।
आरएसएस की पूजा अलग है। वह चाहता है कि जबरन उनकी पूजा हो। मोदी चाहते हैं कि जबरन उनकी पूजा हो। देश में सब लोग उनकी पूजा करें। उसका रिस्पांस तपस्या ही हो सकती है। कांग्रेस की तपस्या में कमी हो गई थी, यात्रा के माध्यम से हम उसे पूरा कर रहे हैं।
राहुल गांधी की प्रेस कान्फ्रेंस के सवाल-जवाब
सवाल: पानीपत में मंच से कहा गया कि यहां से दिल्ली की सरकार तय होगी। करनाल में कहा गया कि यह यात्रा वोटों के लिए नहीं है। क्या यह यात्रा जन आंदोलन है या राजनीतिक यात्रा। 30 जनवरी के बाद यात्रा का टेक अवे क्या होगा?
राहुल गांधी : यह यात्रा हिंदुस्तान में फैलाए जा रहे डर और धर्म-जाति के नाम पर बांटने की नीति के खिलाफ है। यह यात्रा एक तपस्या है। इससे राजनीतिक फायदा या नुकसान के बारे में मैं कुछ नहीं कह सकता। यात्रा के तीन लक्ष्य हैं। भारत जोड़ो, डर के खिलाफ खड़े हो।
दूसरा मुद्दा हिंदुस्तान में आर्थिक असमानता हो रही है। जिसमें सारा धन, मीडिया और दूसरे इंस्टीट्यूशंस 3-4 लोगों के हाथ में हैं। उससे भयंकर बेरोजगारी हो रही है।
सवाल : अगली विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की तरफ से सीएम का चेहरा कौन होंगे?
राहुल गांधी : मैंने कई बार कहा कि हमारा लक्ष्य यात्रा का है। इसे डाइवर्ट करने की कोशिश की जा रही है। यात्रा को नहीं दिखाया जा रहा है।
सवाल : आप लगातार कह रहे हैं कि डर और नफरत का माहौल है। छत्तीसगढ़ में आदिवासी लड़के का एनकाउंटर कर दिया गया। इंटरनेशनल एक्टिविस्ट सोनी शौरी की बिजली काट दी गई?।
जवाब : मेरे सामने जो सवाल रखे हैं, क्या वह नरेंद्र मोदी के सामने रख सकते हैं?। प्रधानमंत्री जी ने कितने प्रेस कान्फ्रेंस किए, जहां पर कोई पत्रकार उनसे सवाल पूछ सके। देश की जनता को बांटकर उनमें नफरत फैलाई जा रही है। हिंदू-मुस्लिम और अलग-अलग जाति के लोगों को लड़ाया जा रहा है। कांग्रेस पार्टी ने कभी ऐसा नहीं कहा। छत्तीसगढ़ में जो बताया, उसे देखेंगे और अगर बोल सकता हूं तो मैं बोलूंगा और पर्सनली राय भी रखूंगा। यात्रा के बाद में खुद वहां जाऊंगा और कमी हो तो उसे सुधारूंगा।
सवाल : आप हर स्पीच में जवान व किसान की बात करते हैं। किसान आंदोलन हुआ लेकिन वह खत्म हुआ मगर MSP नहीं मिली। आपकी सरकार ने स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू नहीं की?। क्या इसे लागू करेंगे और किसानों को एमएसपी देंगे?
जवाब : इन बातों को कैजुअली नहीं कहा जा सकता। यह चर्चा हम अपनी मेनिफेस्टो कमेटी में करते हैं। उसकी वित्तीय स्थिति के बारे में चर्चा करते हैं। मैं यहां कह दूं, इसका कोई मतलब नहीं है। तीन काले कानून किसान को मारने के लिए लाए गए। जीएसटी और नोटबंदी भी छोटे कारोबारियों को मारने के लिए लाई गई। यह पॉलिसी नहीं हैं। मैं गारंटी देता हूं कि कांग्रेस पार्टी की सरकार इस तरह आक्रमण नहीं करेगी। किसान की प्रोटेक्शन होगी। अगर हम अरबपतियों का कर्ज माफ कर सकती है तो किसानों को भी लाभ पहुंचाया जाएगा।
सवाल: युवाओं को रोजगार के लिए क्या रोडमैप है?
जवाब : यात्रा में युवा इंजीनियर, डाक्टर, लायर, एडमिनिस्ट्रेशन जैसे फील्ड में जाना चाहते हैं। इनमें ज्यादा से ज्यादा 10% को जाब मिलती हैं। बाकी को नहीं मिलती। उनके सपने टूट जाते हैं। जो लोग इस देश को रोजगार दे सकते हैं, उनकी हम मदद नहीं करते हैं। स्मॉल व मीडिया इंडस्ट्री को बर्बाद कर दिया गया। यह लोग करोड़ों लोगों को रोजगार दे सकते हैं।
रोडमैप यह है कि स्माल और मीडियम इंडस्ट्री के बेस को प्रोटेक्ट किया जाए। उन्हें फाइनेंस दिया जाए। इनमें से 5-10% को बड़ा बिजनेस दिया जाएगा। तीसरा हमारे शिक्षा का सिस्टम सिर्फ 5 रास्ते दिखा रहा है। देश में स्किल की रिस्पेक्ट करेगा, तब सुपर पावर बनेगा।
सवाल : यात्रा के वक्त आपकी टी शर्ट खूब चर्चा है।
जवाब : मुझे मामा (सोनिया गांधी) की डांट पड़ी है।
सवाल : यात्रा के बाद राहुल गांधी में कितना फर्क आया?
जवाब : मेरे दिमाग में राहुल गांधी नहीं है। यह भाजपा के दिमाग में है। मुझे इमेज का कोई लेना-देना नहीं है। जो चाहे रखो। अच्छी-बुरी जो चाहे रखो। मुझे अपना काम करना है।
सवाल : हरियाणा में सरकार बनने का क्या असेसमेंट है।
जवाब : नार्दर्न बेल्ट में हमें अच्छा रिस्पांस मिल रहा है। इन राज्यों में कांग्रेस की सरकार आएगी।। मुझे इस बात की चिंता है कि हरियाणा और मध्यप्रदेश में किसानों की सरकार आए। जो लोगों की बात सुने। मुझे सरकार आने के 5 साल बाद में इंट्रेस्ट है।
सवाल : क्या आप तवस्वी हैं
जवाब : यह देश तपस्वियों का है। देश का हर किसान मुझसे ज्यादा चला है। मजदूर ज्यादा चलता है। यह देश पुजारियों का नहीं तपस्वियों का है, आरएसएस-मोदी जबरन पूजा कराना चाहते हैं।



