लोकमाता देवी अहिल्याबाई होल्कर के सुशासन और न्यायप्रियता ने देश-प्रदेश को किया गौरवान्वित : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

Date:

पाल-गड़रिया समाज कल्याण बोर्ड का होगा गठन, गड़रिया समाज के कल्याण के लिए सरकार प्रतिबद्ध
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने लोकमाता देवी अहिल्याबाई होल्कर के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उनका पुण्य स्मरण किया
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पुण्यश्लोक लोकमाता देवी अहिल्याबाई होल्कर की 231वीं पुण्यस्मृति कार्यक्रम को किया संबोधित

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि पुण्यश्लोक लोकमाता देवी अहिल्याबाई होल्कर मालवा की ऐसी शासिका थीं, जिनके कारण मध्यप्रदेश और देश गौरवान्वित होता है। उन्होंने अपने शासनकाल में सुशासन और न्यायप्रियता के प्रतिमान स्थापित किए। राज्य सरकार ने देवी अहिल्याबाई की 300वीं जयंती के अवसर पर इंदौर के राजवाड़ा में विशेष कैबिनेट कर उनके योगदान का स्मरण किया। देवी अहिल्याबाई होल्कर सुशासन की प्रतिमूर्ति थीं। उनकी सेवा, साधना, न्याय, त्याग सहित जीवन के प्रत्येक पक्ष के आधार पर हमारी सरकार जनसेवा, सुशासन, महिला सशक्तिकरण और सांस्कृतिक पुनर्जागरण के साथ सभी क्षेत्रों में आगे बढ़ रही है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में राज्य सरकार सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास के मूलमंत्र के साथ काम कर रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव गुरुवार को पुण्यश्लोक लोकमाता देवी अहिल्याबाई होल्कर की 231वीं पुण्यतिथि के अवसर पर अखिल भारतीय गड़रिया महासभा की ओर से आयोजित पुण्यस्मृति दिवस समारोह को संबोधित कर रहे थे।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रवींद्र भवन में आयोजित पुण्यस्मृति कार्यक्रम का दीप प्रज्वलित कर शुभारंभ किया तथा लोकमाता के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर नमन किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस अवसर पर जागो नारी जागो पुस्तक का विमोचन भी किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने लोकमाता देवी अहिल्या के श्रीचरणों का पूजन किया। उन्हें इस अवसर पर देवी अहिल्या की प्रतिमा और चित्र भेंट किए गए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव का इस अवसर पर गजमाला पहनाकर अभिवादन किया गया।

पाल-गड़रिया समाज के लिए समाज कल्याण बोर्ड का गठन होगा

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पाल-गड़रिया समाज का गौ वंश के प्रति सेवाभाव गोपाल कृष्ण के समान हैं। राज्य सरकार पाल-गड़रिया समाज के सुख-दु:ख और जनकल्याण के कार्यों के लिए सदैव तत्पर है। सरकार ने प्रदेश की आर्थिक समृद्धि के लिए दूध उत्पादन बढ़ाने का लक्ष्य रखा है, किसानों की आय बढ़ाने के लिए पशुपालन को प्रोत्साहित किया जा रहा है। अखिल भारतीय गड़रिया समाज के प्रतिनिधियों की मांग पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पाल-गड़रिया समाज के लिए समाज कल्याण बोर्ड का गठन करने की घोषणा की।

समाज की प्रेरणा स्त्रोत हैं देवी अहिल्याबाई

अखिल भारतीय गड़रिया महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री मोती श्रीपाल ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने काशी में देवी अहिल्या बाई की प्रतिमा स्थापित कर हमारा मान बढ़ाया है। लोकमाता देवी अहिल्याबाई ने यह सुनिश्चित किया कि जनसेवा ही सत्ता का प्रमुख उद्देश्य हो। उन्होंने देशभर में मंदिर-मठों का जीर्णोद्धार कराया। नए मंदिर, धर्मशालाएं, कुंए और नदियों पर घाटों का निर्माण कराया। समाज के अंतिम पंक्ति के व्यक्ति तक सुशासन और न्याय की पहुंच सुनिश्चित की। उनके कार्य अखिल भारतीय गड़रिया महासभा के लिए प्रेरणा स्त्रोत हैं। गड़रिया समाज ने महिला सशक्तिकरण, सामाजिक समरसता, सामूहिक विवाह कार्यक्रम और राष्ट्र निर्माण को अपना ध्येय बनाया है। समाज के प्रत्येक वर्ग को शिक्षा, प्रशासन, राजनीति, रोजगार और उद्योग में अग्रणी बनाना हमारा लक्ष्य है। महासभा द्वारा युवाओं को सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी में सहयोग, कौशल विकास, पर्यावरण संरक्षण, रक्तदान और समाजसेवा के लिए प्रेरित किया जा रहा है। जब समाज शिक्षित, संगठित और नेतृत्व में सहभागी होगा, तभी वह राष्ट्र निर्माण में अपनी सक्रिय भूमिका निभा पाएगा।

कार्यक्रम को समाजसेवी जागृति पाल ने भी संबोधित किया। इस अवसर पर विधायक श्री भगवानदास सबनानी, पूज्य संत दादा गुरुजी, पूर्व राज्यसभा सदस्य पद्मश्री डॉ. विक्रम महात्मे, समाजसेवी श्री राजेश श्रीपाल सहित अनेक जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में पाल-गड़रिया समाज जन उपस्थित थे।

What’s your Reaction?
+1
0
+1
0
+1
0
+1
0
+1
0
+1
0
+1
0

Author

- Advertisement -
Saket Singh
Saket Singhhttp://purepolitics.in
MBA in Media Management from Makhanlal Chaturvedi National University of Journalism and Communication, Bhopal

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

spot_img

Popular

More like this
Related

इंदौर के विकास को मिली नई रफ्तार : लोक परिवहन के क्षेत्र में इंदौर को मिली बड़ी सौगात

मेट्रो परियोजना परिवहन तंत्र को आधुनिक बनाने के साथ...

संस्थान की उत्कृष्टता में संसाधनों का करें, विवेकपूर्ण उपयोग : राज्यपाल श्री पटेल

विद्यार्थियों को दें सामाजिक न्याय और समरसता के व्यावहारिक...