भोपाल। सोमवार, 20 अप्रैल 2026
भोपाल में भाजपा की जन-आक्रोश महिला पदयात्रा में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कांग्रेस, डीएमके और टीएमसी को महिला विरोधी बताते हुए प्रियंका गांधी पर भी निशाना साधा।
मुख्य बिंदु
- लोकसभा में नारी शक्ति वंदन अधिनियम पारित नहीं हो सका; CM ने कांग्रेस पर संसद में जश्न मनाने का आरोप लगाया
- CM ने प्रियंका गांधी की “लड़की हूं, लड़ सकती हूं” वाली छवि पर तीखा कटाक्ष किया
- राजीव गांधी का हवाला देते हुए कहा — कांग्रेस का 40 साल पुराना महिला विरोधी इतिहास
- MVM मैदान में हुई रैली में CM ने विपक्ष के विरोध में आसमान में काले गुब्बारे छोड़े
- हर नगर पालिका और नगर निगम में विपक्ष के खिलाफ निंदा प्रस्ताव पारित होगा
भोपाल के एम.व्ही.एम. मैदान में सोमवार को भाजपा की जन-आक्रोश महिला पदयात्रा का आयोजन हुआ, जिसमें मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कांग्रेस सहित पूरे विपक्ष पर तीखा प्रहार किया। यह यात्रा 131वें संविधान संशोधन विधेयक — नारी शक्ति वंदन अधिनियम, 2023 — के लोकसभा में पारित न हो पाने के विरोध में आयोजित की गई थी।
CM यादव ने विपक्ष के विरोध के प्रतीकस्वरूप आसमान में काले गुब्बारे छोड़े। कार्यक्रम में महिला सांसद, विधायक, जनप्रतिनिधि और प्रदेशभर से बड़ी संख्या में महिलाएं शामिल हुईं।
CM का विपक्ष पर हमला
CM यादव ने कहा कि कांग्रेस, डीएमके और टीएमसी जैसी पार्टियों ने इस विधेयक को रोककर बहनों के अधिकारों पर डाका डाला है। उन्होंने कहा – नारी सब कुछ भूल सकती है, लेकिन अपना अपमान कभी नहीं भूलती।
“प्रियंका गांधी को शर्म आनी चाहिए। पहले ‘लड़की हूं, लड़ सकती हूं’ की बड़ी-बड़ी बातें करती थीं, अब बहनों के अधिकारों का गला घोट दिया।”
— डॉ. मोहन यादव, मुख्यमंत्री, मध्य प्रदेश
उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी का उल्लेख करते हुए कहा कि 40 वर्ष पहले भी उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के फैसले को संसद के जरिए पलट कर बहनों को उनके अधिकारों से वंचित रखा था।
अन्य नेताओं की प्रतिक्रिया
पृष्ठभूमि
नारी शक्ति वंदन अधिनियम संसद और विधानसभाओं में महिलाओं को 33% आरक्षण देने का प्रावधान करता है। विधेयक को केंद्र सरकार का समर्थन है, लेकिन लोकसभा में पर्याप्त संख्या बल न होने के mahilayatramahilकारण यह पारित नहीं हो सका। भाजपा इस मुद्दे पर कांग्रेस सहित विपक्षी दलों को घेरने के लिए देशभर में अभियान चला रही है।



