MP को बड़ी सौगात: प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी 2.0 के तहत बनेंगे 1.25 लाख नए घर, केंद्र ने दी मंजूरी
नई दिल्ली/भोपाल: केंद्र सरकार ने ‘सबके लिए आवास’ के अपने संकल्प को दोहराते हुए मध्य प्रदेश के लिए एक बड़ा निर्णय लिया है। केंद्रीय आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय की केंद्रीय संस्वीकृति एवं निगरानी समिति (CSMC) ने प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी 2.0 (PMAY-U 2.0) के तहत मध्य प्रदेश में 1.25 लाख नए किफायती घरों के निर्माण के प्रस्ताव को औपचारिक मंजूरी दे दी है। इस फैसले से प्रदेश के शहरी इलाकों में रहने वाले आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों (EWS) और मध्यम आय वर्ग (MIG) के हजारों परिवारों का अपने घर का सपना साकार हो सकेगा।
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विशाल लक्ष्य: मध्य प्रदेश में कुल 1.25 लाख नए शहरी आवासों के निर्माण को केंद्र की हरी झंडी।
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PMAY-U 2.0 का विस्तार: यह योजना का दूसरा चरण है, जिसका लक्ष्य शहरी क्षेत्रों में आवास की कमी को पूरी तरह समाप्त करना है।
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लाभार्थी वर्ग: योजना के तहत EWS, LIG और MIG श्रेणियों के पात्र परिवारों को वित्तीय सहायता और सब्सिडी दी जाएगी।
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रोजगार सृजन: इतने बड़े पैमाने पर निर्माण कार्य से राज्य के रियल एस्टेट सेक्टर और निर्माण श्रमिकों को बड़े स्तर पर रोजगार मिलेगा।
शहरी विकास को नई गति: क्या है PMAY-U 2.0?
प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी 2.0 का मुख्य उद्देश्य उन शहरी परिवारों को घर उपलब्ध कराना है जिनके पास अभी भी पक्का मकान नहीं है। सरकार इस योजना के माध्यम से न केवल वित्तीय सहायता प्रदान करती है, बल्कि यह भी सुनिश्चित करती है कि घरों में बिजली, पानी और शौचालय जैसी बुनियादी सुविधाएं अनिवार्य रूप से उपलब्ध हों।
मध्य प्रदेश, जो पहले से ही शहरी आवास योजनाओं के कार्यान्वयन में अग्रणी रहा है, इस नई मंजूरी के बाद अपने शहरी ढांचे को और अधिक मजबूत करेगा। बैठक में सचिव, आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि इन घरों का निर्माण आधुनिक तकनीकों और पर्यावरण के अनुकूल सामग्रियों का उपयोग करके किया जाएगा ताकि टिकाऊ और सुरक्षित निवास सुनिश्चित हो सके।
निवेश और कार्यान्वयन की रणनीति
इस परियोजना के तहत सरकार विभिन्न कार्यक्षेत्रों (Verticals) जैसे ब्याज सब्सिडी योजना (ISS) और भागीदारी में किफायती आवास (AHP) के माध्यम से फंड जारी करेगी। मध्य प्रदेश सरकार अब इन 1.25 लाख घरों के लिए विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) के आधार पर निर्माण कार्य शुरू करेगी। अधिकारियों के अनुसार, इन घरों का आवंटन पूरी तरह से पारदर्शी प्रक्रिया और आधार-लिंक्ड सत्यापन के माध्यम से किया जाएगा ताकि पात्र लाभार्थियों तक ही लाभ पहुंचे।
निष्कर्ष
प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी 2.0 के तहत 1.25 लाख घरों की यह मंजूरी मध्य प्रदेश के शहरी कायाकल्प की दिशा में एक मील का पत्थर है। यह न केवल बेघर परिवारों को सम्मानजनक जीवन प्रदान करेगा, बल्कि प्रदेश की अर्थव्यवस्था को भी गति देगा। आने वाले समय में यह योजना शहरी गरीबी कम करने और “इज ऑफ लिविंग” इंडेक्स में सुधार करने में निर्णायक भूमिका निभाएगी।



